chapter 9

ધોરણ 10 | విષય: Hindi

1. निम्नलिखित प्रश्नों के नीचे दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प चुनकर उत्तर लिखिए :

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (A)

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (A)

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (B)
2. निम्नलिखित प्रश्नों के एक-एक वाक्य में उत्तर लिखिए :

સાચો જવાબ: खरहा वन की एक घनी झुरमुट (झाड़ी) के भीतर सबकी आँख बचाकर रहता था।

સાચો જવાબ: झाड़ियों को सूंघते हुए आए शिकारी कुत्ते की साँस की आवाज़ (सांस की धमक) सुनकर खरहा नींद से जाग गया।

 

સાચો જવાબ: कुत्ते और खरहे के बीच दौड़ एक खुले खेत में लगभग चार मिनट तक चली।

 

સાચો જવાબ: लोमड़ी किनारे खड़ी होकर कुत्ते द्वारा खरहे का पीछा करने और अंत में खरहे के बच निकलने का पूरा तमाशा (दौड़) देख रही थी।

સાચો જવાબ: इस काव्य के आधार पर शास्त्रों में बताया गया है कि अपनी जान को जोखिम में डाले बिना (जान बचाकर) रोटी कमानी चाहिए।

 
3. निम्नलिखित प्रश्नों के दो-तीन वाक्यों में उत्तर लिखिए :

સાચો જવાબ: खरहा जंगल की एक बहुत ही घनी झाड़ी के अंदर सबसे छिपकर रहता था। वह अपनी जान बचाने के लिए लोगों से दूर रहता था और केवल घास की फुनगियों (ऊपरी कोमल हिस्से) को फुदक-फुदक कर खाने के लिए ही बाहर आता था।

સાચો જવાબ: खरहा जंगल की एक बहुत ही घनी झाड़ी के अंदर सबसे छिपकर रहता था। वह अपनी जान बचाने के लिए लोगों से दूर रहता था और केवल घास की फुनगियों (ऊपरी कोमल हिस्से) को फुदक-फुदक कर खाने के लिए ही बाहर आता था।

સાચો જવાબ: एक शिकारी कुत्ता झाड़ियों को सूंघता हुआ खरहे के घर तक पहुँच गया था। जैसे ही खरहे की नींद खुली, उसने साक्षात काल (मौत) के रूप में कुत्ते को अपने सिर पर खड़ा पाया। अपनी जान बचाने के लिए वह तुरंत वहाँ से भागा।

સાચો જવાબ: कुत्ते ने चार मिनट तक खुले खेत में खरहे को पकड़ने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा दी। लेकिन तभी सामने एक घनी कंटीली और भयानक (बीहड़) झाड़ी आ गई, जिसमें खरहे ने लंबी छलांग लगाकर खुद को छुपा लिया। खरहे को ओझल होते देख कुत्ता निराश हो गया।

સાચો જવાબ: कुत्ते ने चार मिनट तक खुले खेत में खरहे को पकड़ने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा दी। लेकिन तभी सामने एक घनी कंटीली और भयानक (बीहड़) झाड़ी आ गई, जिसमें खरहे ने लंबी छलांग लगाकर खुद को छुपा लिया। खरहे को ओझल होते देख कुत्ता निराश हो गया।

સાચો જવાબ: किनारे खड़ी लोमड़ी ने कुत्ते पर तंज कसते हुए कहा, "मामा! तुम एक छोटे से खरहे से हार गए? तुम इतनी मोटी तगड़ी देह लेकर भी इतनी जल्दी थक जाते हो और जंगल के एक छोटे से जीव को भी नहीं पकड़ पाते!"

સાચો જવાબ: कुत्ते ने लोमड़ी को झिड़कते हुए कहा, "अरे पगली! तू बिना वजह बकवास कर रही है, तू इस दौड़ के पीछे के रहस्य को नहीं समझती। मैं तो केवल दोपहर के भोजन (स्वाद) के लिए दौड़ रहा था, लेकिन वह मासूम खरहा अपनी कीमती जान बचाने के लिए भाग रहा था।"
4. निम्नलिखित प्रश्नों के चार-पाँच वाक्यों में उत्तर लिखिए :

સાચો જવાબ: इस काव्य से हमें यह बहुत बड़ी सीख मिलती है कि जब किसी प्राणी पर अचानक कोई भारी संकट आता है या बात उसके जीवन और मरण पर आ जाती है, तो उसके भीतर एक अभूतपूर्व और विशेष शक्ति का संचार होता है। ईश्वर ने आत्मरक्षा की यह ताकत हर छोटे-बड़े, कमजोर और ताकतवर जीव को दी है। इसके अलावा, यह कविता हमें सिखाती है कि किसी का मनोरंजन या भोजन किसी दूसरे के जीवन से बड़ा नहीं हो सकता। संकट के समय अपनी पूरी शक्ति लगाकर प्राणों की रक्षा करना सबसे पहला धर्म है।

સાચો જવાબ: एक घने जंगल की झाड़ी में एक छोटा सा खरगोश (खरहा) सबसे छिपकर रहता था। वह चुपके से कोमल घास खाता और किसी को आते देख छिप जाता। एक दिन एक शिकारी कुत्ता उस जंगल में शिकार की तलाश में आया। सूंघते-सूंघते वह खरहे की झाड़ी के पास पहुँचा। उसकी साँस की आहट पाकर खरहा जागा और सामने मौत को देखकर तेजी से भागा। कुत्ता भी उसे पकड़ने के लिए पीछे दौड़ा। दोनों के बीच खुले खेत में चार मिनट तक भयंकर दौड़ हुई। अंत में खरहे ने एक कंटीली झाड़ी में छलांग लगा दी और अपनी जान बचा ली। कुत्ता निराश हो गया। पास खड़ी एक लोमड़ी ने कुत्ते का मज़ाक उड़ाया कि वह इतने बड़े शरीर के बाद भी छोटे से जीव से हार गया। तब कुत्ते ने समझाया कि वह सिर्फ भोजन के लिए भाग रहा था, जबकि खरगोश अपनी जान बचाने के लिए। इसीलिए रक्षक या अपनी जान बचाने वाला अपनी आखिरी सांस तक लड़कर जीत जाता है।

સાચો જવાબ:

कहते हैं सब शास्त्र कमाओ, रोटी जान बचाकर, पर संकट में प्राण बचाओ, सारी शक्ति लगाकर ।




भावार्थ: इन पंक्तियों के माध्यम से कवि दिनकर जी जीवन का एक कड़वा और सच्चा नियम समझाते हैं। वे कहते हैं कि हमारे सभी पवित्र ग्रंथ और शास्त्र हमें यह शिक्षा देते हैं कि जीवन यापन करने के लिए, पैसे या रोटी कमाने के लिए कभी भी अपने प्राणों को संकट में नहीं डालना चाहिए (यानी ईमानदारी से सुरक्षित रहकर कमाना चाहिए)। लेकिन, यदि कभी अचानक जीवन पर कोई संकट आ ही जाए या मौत सामने खड़ी हो, तो इंसान को अपनी लाज, धन या काम छोड़कर, अपनी शरीर की पूरी की पूरी ताकत (एड़ी-चोटी का ज़ोर) सिर्फ और सिर्फ अपने प्राणों की रक्षा करने में लगा देनी चाहिए, क्योंकि जीवन रहेगा तभी सब कुछ रहेगा।


સાચો જવાબ:


  • खरहा: खरगोश, शशक




  • झुरमुट: झाड़ी, कुंज




  • शिकारी: बहेलिया, आखेटक




  • कंटीली: काँटोंदार, कंटकमय




  • बीहड़: भयानक, घना / ऊबड़-खाबड़




  • देह: शरीर, तन




  • दीवानी: पगली, विक्षिप्त




  • शक्ति: ताकत, बल




સાચો જવાબ:


  • दूर × पास / निकट




  • आखिर × शुरू / आरंभ




  • पीछे × आगे




  • निराश × आशावान / आशान्वित




  • मोटी × पतली




  • कमाना × खर्च करना / गंवाना














 
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