chapter 19

ધોરણ 12 | విષય: Hindi sl

1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर उनके नीचे दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प चुनकर लिखिए:

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (A)

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (C)

સાચો જવાબ: સાચો વિકલ્પ: (A)
2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में लिखिए:

સાચો જવાબ: घर और दफ्तर में कैलेंडर (तिथिपत्रक) टँगा हुआ है।

સાચો જવાબ: कवि कैलेंडर के पन्ने की तरह रोज अपने-आपको बदलता है।

સાચો જવાબ: कवि ने 'बरगद' (सूखे बरगद) के पेड़ का जिक्र किया है।
3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दो-तीन वाक्यों में लिखिए:

સાચો જવાબ: दिन छिपने पर कवि एक नए और बेहतर कल (सुबह की रोशनी) की उम्मीद में अगली सुबह का इंतजार करता है, ताकि शायद उसकी रोज़ की एकरस और उबाऊ ज़िंदगी में कुछ परिवर्तन या नयापन आ सके।

સાચો જવાબ: कवि की दिनचर्या अत्यंत नीरस और ढर्रे पर चलने वाली है। वह रोज सुबह घर से निकलकर ऑफिस जाता है और शाम को ऑफिस से वापस घर आता है; रोज़ वही एक ही प्रकार का कार्य दोहराता रहता है।

સાચો જવાબ: कवि के जीवन में नयेपन का एहसास इसलिए नहीं है क्योंकि कैलेंडर की तारीखें, दिन और महीने बदलने के बावजूद उसकी रोज़मर्रा की यांत्रिक (मशीनी) दिनचर्या में कोई बदलाव नहीं आता। वह एक ही ढर्रे पर जीने के लिए मजबूर है।
4. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर चार-पाँच पंक्तियों में लिखिए:

સાચો જવાબ: 'कैलेंडर' कविता का केंद्रीय भाव आधुनिक नौकरीपेशा मध्यमवर्गीय व्यक्ति के जीवन की एकरसता, नीरसता और ऊब को उजागर करना है। कैलेंडर की तिथियाँ और पन्ने बदलने के साथ-साथ समय बीतता रहता है और मनुष्य भी रोज़ कपड़े बदलकर दफ़्तर जाता है, किंतु उसकी ज़िंदगी में कोई वास्तविक बदलाव या नयापन नहीं आता। कविता मनुष्य के भीतर छिपी उस तड़प को दर्शाती है जहाँ वह रोज़ एक नए और बेहतर कल का इंतज़ार करता है, लेकिन फिर वही पुराना ढर्रा और मजबूरी उसके सामने आ खड़ी होती है।

સાચો જવાબ: इस पंक्ति में 'सूखा बरगद' नीरस, थके हुए और उत्साहहीन नौकरीपेशा इंसान के जीवन का प्रतीक है, जबकि 'हरीतिमा' (हरियाली) जीवन के उल्लास, खुशियों और नएपन का प्रतीक है। कवि अपने जीवन में किसी परिवर्तन, राहत या चमत्कार की आस में उम्मीद लगाए बैठा है, किंतु अंततः उसे कड़वा यथार्थ महसूस होता है कि उसकी इस शुष्क और नीरस ज़िंदगी में खुशियों की हरियाली भरने वाला कोई नहीं आएगा। यह पंक्ति आधुनिक मनुष्य की गहरी हताशा और अकेलेपन को व्यक्त करती है।
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