ધોરણ 6 | విષય: Hindi ds
(1) द् + ध = द्ध = शुद्ध
बुद्ध
प्रसिद्ध
(2) त् + त = त्त = वित्त
पत्ता
कुत्ता
(3) द् + म = द्म = पद्म
छद्म
सद्म
(4) द् + व = द्व = विद्वान
द्वार
द्वंद्व
(5) ह् + म = ह्म = ब्रह्म
ब्राह्मण
बाह्य (या जिह्म)
(1) महात्मा गाँधी और देशप्रेम
उत्तर (चर्चा): महात्मा गाँधी का जीवन देशप्रेम का सबसे बड़ा उदाहरण है। उन्होंने देश को स्वतंत्र कराने के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया। उन्होंने सत्य, अहिंसा और स्वदेशी का मार्ग चुना। देशहित के लिए उन्होंने बड़े-बड़े सुख-सुविधाओं का त्याग किया और हमेशा देशवासियों के कल्याण के बारे में सोचा।
(2) इन्सान अनूठा कब कहलाता है?
उत्तर (चर्चा): कोई इंसान अपने धन या पद से अनूठा नहीं बनता, बल्कि अपने कार्यों और गुणों से बनता है। जब कोई व्यक्ति कठिनाइयों के बावजूद सत्य के पथ पर चलता है, दूसरों की मदद के लिए अपने स्वार्थ का त्याग करता है और देश या समाज के हित को सर्वोपरि मानता है, तब वह इंसान अनूठा कहलाता है।
(3) तुम अपने देश की सेवा कैसे करोगे?
उत्तर (चर्चा): मैं एक नागरिक के रूप में अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करके देश की सेवा करूँगा। मैं सार्वजनिक संपत्ति की रक्षा करूँगा, अपने आसपास सफाई रखूँगा, बिजली और पानी की बचत करूँगा, और बड़ा होकर ईमानदारी से समाज और देश की उन्नति के लिए कार्य करूँगा।
(1) धर्म - धार्मिक
उत्तर: मेरी दादी जी बहुत धार्मिक महिला हैं।
(2) रंग - रंगीन
उत्तर: आकाश में रंगीन गुब्बारे उड़ रहे हैं।
(3) लोभ - लोभी
उत्तर: लोभी व्यक्ति कभी संतुष्ट नहीं होता।
(4) भारत - भारतीय
उत्तर: मुझे भारतीय होने पर गर्व है।
(5) चमक - चमकीला
उत्तर: रात में आकाश में चमकीला तारा दिखाई दे रहा था।
(6) शक्ति - शक्तिमान
उत्तर: ईश्वर सर्वशक्तिमान हैं।
(7) गुण - गुणवती
उत्तर: सीता एक गुणवती स्त्री है।
(8) बल - बलवान
उत्तर: भीम बहुत बलवान थे।
(9) दया - दयावान
उत्तर: राजा बहुत दयावान और न्यायप्रिय था।
(10) दर्शन - दर्शनीय
उत्तर: गुजरात में कई दर्शनीय स्थल हैं।
उदाहरण : पुत्र - पुत्री
(1) मेढ़क - मेढ़की
(2) तरुण - तरुणी
(3) कुमार - कुमारी
(4) देव - देवी
(5) हिरन - हिरनी
उदाहरण : साँप - साँपिन
(1) कुम्हार - कुम्हारिन
(2) नाग - नागिन
(3) बाघ - बाघिन
(4) धोबी - धोबिन
उदाहरण : मोर - मोरनी
(1) शेर - शेरनी
(2) जादूगर - जादूगरनी
(3) मास्टर - मास्टरनी
(4) डॉक्टर - डॉक्टरनी
(5) ग्वाला - ग्वालिन
(उदाहरणानुसार वाक्य प्रयोग)
(1) मेढ़क - मेढ़की :
मेढ़क तालाब में टर्रा रहा है।
मेढ़की पानी से बाहर निकली।
(2) तरुण - तरुणी :
वह तरुण देश सेवा के लिए तत्पर है।
वह तरुणी पढ़ाई में बहुत होशियार है।
(3) कुमार - कुमारी :
कुमार खेल प्रतियोगिता में भाग ले रहा है।
कुमारी राधा एक अच्छी गायिका है।
(4) देव - देवी :
देवों की पूजा की जाती है।
मंदिर में देवी की मूर्ति स्थापित है।
(5) हिरन - हिरनी :
हिरन तेज़ दौड़ रहा है।
हिरनी जंगल में चर रही है।
(6) कुम्हार - कुम्हारिन :
कुम्हार मिट्टी के बर्तन बनाता है।
कुम्हारिन बर्तनों को धूप में सुखा रही है।
(7) नाग - नागिन :
नाग बिल से बाहर निकला।
नागिन अपने फ़न को फैलाए बैठी है।
(8) बाघ - बाघिन :
जंगल में दहाड़ता हुआ बाघ दिखाई दिया।
बाघिन अपने बच्चों की सुरक्षा कर रही है।
(9) धोबी - धोबिन :
धोबी कपड़े धो रहा है।
धोबिन कपड़े सुखा रही है।
(10) शेर - शेरनी :
शेर जंगल का राजा है।
शेरनी शिकार करने निकली है।
(11) जादूगर - जादूगरनी :
जादूगर नए-नए खेल दिखाता है।
जादूगरनी ने रूमाल से कबूतर बना दिया।
(12) मास्टर - मास्टरनी :
मास्टर जी कक्षा में पढ़ा रहे हैं।
मास्टरनी जी बच्चों को कहानी सुना रही हैं।
(13) डॉक्टर - डॉक्टरनी :
डॉक्टर मरीज की जाँच कर रहे हैं।
डॉक्टरनी ने बच्चे को दवाई दी।
(14) ग्वाला - ग्वालिन :
ग्वाला गाय चराने गया है।
ग्वालिन मटका लेकर दूध बेचने जा रही है।
कहानी: समझदार चरवाहा और शेर
उत्तर:
एक गाँव में एक चरवाहा अपनी भेड़ों को चराने के लिए जंगल के पास वाली पहाड़ी पर जाता था। वह रोज़ अपनी भेड़ों को घास चराने के लिए छोड़ देता और खुद पास के पेड़ की छाँव में बैठकर आराम करता था।
एक दिन जब उसकी भेड़ें चर रही थीं, तभी अचानक झाड़ियों के पीछे से एक खूँखार शेर निकल आया। शेर को देखकर भेड़ें डर के मारे मिमियाने लगीं और इधर-उधर भागने लगीं।
चरवाहा भी शेर को देखकर घबरा गया, लेकिन उसने हिम्मत नहीं हारी और तुरंत बुद्धिमानी से काम लिया। वह पास के एक ऊँचे पेड़ पर झटपट चढ़ गया। पेड़ पर चढ़कर उसने ज़ोर-ज़ोर से चिल्लाना शुरू किया और अपनी लाठी को पेड़ की डालियों पर पटकने लगा। उसकी आवाज़ सुनकर पास के खेतों में काम कर रहे गाँव वाले लाठी और डंडे लेकर उसकी मदद के लिए दौड़ पड़े।
गाँवों वालों को भारी संख्या में आते देख और लोगों का शोर सुनकर शेर डर गया और जंगल की ओर भाग गया। चरवाहे की समझदारी और हिम्मत से उसकी और उसकी भेड़ों की जान बच गई।
शिक्षा: संकट के समय घबराने के बजाय समझदारी और साहस से काम लेना चाहिए।
(क) अपने गाँव में घटी कोई आँखों देखी घटना के बारे में लिखिए ।
उत्तर: पिछले महीने हमारे गाँव के मुख्य चौराहे पर स्थित एक दुकान में अचानक बिजली के शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। दुकान से धुआँ निकलता देख गाँव के लोग तुरंत बाल्टियों में पानी लेकर दौड़े। कुछ युवाओं ने समझदारी दिखाते हुए तुरंत बिजली विभाग को फ़ोन करके बिजली की सप्लाई बंद करवाई और दमकल (फायर ब्रिगेड) को सूचित किया। गाँव वालों के सामूहिक प्रयास और सही समय पर पहुँची दमकल की गाड़ी से आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया और एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
(ख) इस इकाई के आधार पर अपने मित्रों से पूछने के लिए पाँच प्रश्न बनाइए ।
नेपोलियन बोनापार्ट किस देश का महान शासक था?
अमरूद बेचने वाली लड़की क्यों रो रही थी?
गाँधी जी की सभा का आयोजन केरल के किस गाँव में किया गया था?
कौमुदी ने गाँधी जी से हस्ताक्षर माँगने के बदले में क्या-क्या समर्पित कर दिया?
गाँधी जी के अनुसार स्त्री का सच्चा आभूषण क्या है?
विरामचिह्नों के साथ परिच्छेद:
दुर्गावती बचपन से ही बहादुर थीं। उन्हें युद्ध करने में अपूर्व धैर्य, दूरदर्शिता, अटूट साहस और स्वाभिमान जैसे गुण विरासत में मिले थे। जहाँ वे सुशील, कोमल, अति सुंदर और भावुक थीं, वहीं दूसरी ओर वे वीर, साहसी और अस्त्र-शस्त्र चलाने में भी निपुण थीं। शिकार खेलने में उन्हें विशेष रुचि थी। वे तीर और बंदूक का अचूक निशाना लगाने में भी कुशल थीं।
मातृभाषा (गुजराती) अनुवाद:
દુર્ગાવતી બાળપણથી જ બહાદુર હતાં. તેમને યુદ્ધ કરવામાં અપૂર્વ ધૈર્ય, દૂરદર્શિતા, અટૂટ સાહસ અને સ્વાભિમાન જેવા ગુણો વારસામાં મળ્યા હતા. જ્યાં તેઓ સુશીલ, કોમળ, અતિ સુંદર અને ભાવુક હતાં, તો બીજી તરફ તેઓ વીર, સાહસી અને અસ્ત્ર-શસ્ત્ર ચલાવવામાં પણ નિપુણ હતાં. શિકાર રમવામાં તેમને વિશેષ રસ હતો. તેઓ તીર અને બંદૂકનું અચૂક નિશાન લગાવવામાં પણ કુશળ હતાં.